अंतर्सदनीय हिन्दी नाट्य प्रतियोगिता (2026-27)
अर्वाचीन इंटरनेशनल स्कूल में 04/08/2026 को अंतर्सदनीय हिन्दी नाट्य प्रतियोगिता (2026-27) का आयोजन किया गया। इस वर्ष की प्रतियोगिता का मुख्य विषय 'दर्पण: भारतीय मूल्यों का' रखा गया । कार्यक्रम के माध्यम से आज की युवा पीढ़ी को सत्य, संस्कार, कर्तव्य-निष्ठा और मानवीय संवेदनाओं का महत्व समझाने का एक सराहनीय प्रयास किया गया।
चारों सदनों की उत्कृष्ट प्रस्तुतियाँ
- बोस सदन 'गुरु अज्ञान से ज्ञान की ओर' - बोस सदन के विद्यार्थियों ने गुरु-शिष्य परंपरा और अज्ञान के अंधकार से ज्ञान के प्रकाश की ओर बढ़ने के शाश्वत मूल्य को प्रस्तुत किया।
- तिलक सदन 'बदलते रिश्ते' - तिलक सदन ने बदलते सामाजिक परिदृश्य में पारिवारिक और मानवीय रिश्तों के ताने-बाने तथा नैतिक मूल्यों की रक्षा पर आधारित एक नाटक प्रस्तुत किया।
- टैगोर सदन 'कर्तव्य निष्ठा' - टैगोर सदन के विद्यार्थियों ने अपने कर्तव्य के प्रति समर्पण और निष्ठा को मुख्य विषय बनाते हुए नाटक प्रस्तुत किया ।
- शास्त्री सदन: 'आज का कर्ण (अहंकार से संस्कार तक)' - शास्त्री सदन ने महाभारत के महान पात्र कर्ण के माध्यम से अहंकार के त्याग और संस्कारों को अपनाने का एक प्रेरणादायक संदेश प्रस्तुत किया।
परिणाम
प्रथम स्थान बोस सदन
द्वितीय स्थान तिलक सदन
तृतीय स्थान टैगोर सदन
श्रेष्ठ अभिनय पुरस्कार
श्रेष्ठ अभिनेता (बोस सदन) अनिक राघव कक्षा 12
श्रेष्ठ अभिनेत्री (बोस सदन) गुरनाज़ कौर कक्षा 11
इस नाटक प्रतियोगिता ने केवल विद्यार्थियों की कलात्मक प्रतिभा को ही नहीं निखारा, बल्कि उन्हें यह सीख भी दी कि आधुनिकता के इस युग में भी भारतीय मूल्य और नैतिक संस्कार हमारे जीवन का आधार हैं।
सभी विजेता सदनों और व्यक्तिगत पुरस्कार विजेताओं को हार्दिक बधाई !